पिता की मृत्यु के बाद photo-restoration artist नीरज को एक पुरानी family photograph मिलती है, जिसमें अचानक एक अनजान बच्ची दिखाई देने लगती है। अजीब बात यह है कि तस्वीर वर्षों से घर में लगी थी और उसमें हमेशा केवल नीरज और उसके माता-पिता थे। जैसे-जैसे लड़की का चेहरा हर दिन साफ होता जाता है, परिवार के पुराने albums, negatives और memories भी बदलने लगते हैं। फिर नीरज की माँ उसे “तुम्हारी बहन अन्वी” कह देती है—जबकि नीरज की कभी कोई बहन थी ही नहीं। अब उसे पता लगाना है कि photograph में दिखाई दे रही लड़की कौन है, उसके पिता ने तस्वीर जलाने की चेतावनी क्यों छोड़ी, और क्या परिवार ने किसी इंसान को सिर्फ records से नहीं, अपनी यादों से भी मिटा दिया था।
All Chapters
- अध्याय 1 – चौथा चेहरा
- अध्याय 2 – तुम्हारी बहन
- अध्याय 3 – तस्वीर बदल रही है
- अध्याय 4 – बाकी तस्वीरों में भी
- अध्याय 5 – जिसका कोई रिकॉर्ड नहीं
- अध्याय 6 – पापा तस्वीर से क्यों डरते थे?
- अध्याय 7 – मुझे याद आ रहा है
- अध्याय 8 – वह हमारे साथ रहती थी
- अध्याय 9 – फिर हमने उसे मिटा दिया
- अध्याय 10 – उस तस्वीर के बाद क्या हुआ?
- अध्याय 11 – जिस तस्वीर में कोई था ही नहीं
- अध्याय 12 – इस बार तस्वीर पूरी होगी
