अन्वी राठौर…
एक सफल आर्किटेक्ट…
जिसकी ज़िंदगी बिल्कुल सामान्य थी।
एक प्यार करने वाला परिवार…
अच्छा करियर…
और जल्द होने वाली शादी।
लेकिन…
एक सड़क दुर्घटना के बाद…
अस्पताल में…
उसका ब्लड ग्रुप…
पूरे परिवार से अलग निकला।
डॉक्टरों ने…
सिर्फ़ एक मेडिकल टेस्ट की सलाह दी।
एक डीएनए रिपोर्ट…
जिसने उसकी पूरी दुनिया बदल दी।
रिपोर्ट में लिखा था—
“अन्वी… राठौर परिवार की जैविक बेटी नहीं है।”
पहले…
उसे लगा…
कोई गलती हुई होगी।
लेकिन…
जब उसने अपने अतीत को खंगालना शुरू किया…
तो हर सवाल…
एक और बड़ा सच लेकर सामने आया।
पुरानी तस्वीरें…
अधूरे दस्तावेज़…
एक बंद पड़ा अनाथालय…
और…
पच्चीस साल पुराना…
एक अस्पताल रिकॉर्ड…
जिसे किसी ने जानबूझकर मिटाने की कोशिश की थी।
अब सवाल सिर्फ़ इतना नहीं था…
कि उसके असली माता-पिता कौन थे।
सवाल यह था…
क्या उसकी पहचान चोरी हुई थी… या किसी ने उसे बचाने के लिए उसकी ज़िंदगी बदल दी थी?
